Share this...WhatsappFacebookTwitterओढ़ चुनड़ में तो गई रे सत्संग में,साँवरियो भिगाई म्हाने गेरा-गेरा रंग में, सोच रही मन...
भाषा
Share this...WhatsappFacebookTwitter(तर्ज- जनम जनम का साथ है तुम्हारा हमारा) शंकर भोलानाथ है,हमारा तुम्हारा हमारा तुम्हारा,महाकाल की इस...
Share this...WhatsappFacebookTwitterगुरु मारा पारस पवन सु ही झिणा,शायर वाली दाता लहरा करे,हंसला री गुरु ग़म हंसलो ही...
Share this...WhatsappFacebookTwitterदोहा- गुरु गोविंद दोउ खड़े किनके लागु पाय।बलिहारी गुरु आपने गोविंद दियो बताये।। आवणो पड़ेला सतगुरु...
Share this...WhatsappFacebookTwitterवीर हनुमाना अति बलवाना,राम नाम रसियों रे,प्रभु मन बसियो रे, जो कोई आवे, अरज सुनावे,सबकी सुनियो...
Share this...WhatsappFacebookTwitterप्रीत गुरा री भली रे रावलिया रे जोगी,अलबेला रे जोगी,मस्ताना रे जोगी प्रीत गुरा री भली,...
Share this...WhatsappFacebookTwitterथारी काया रो गुलाबी रंग उड़ जासी,उड़ जासी रे फीको पड़ जासी, हरा-हरा रुखड़ा उगवा रे...
Share this...WhatsappFacebookTwitterकाया सुनी-सुनी लागे,म्हारा गुरूजी बिना,गुरूजी बिना म्हारा सायब जी बिना,काया सुनी-सुनी लागे,म्हारा गुरूजी बिना। मंदिर महल...
Share this...WhatsappFacebookTwitterगुरूदेव करे सो होई म्हारा मनवां,अब कई सोच करें।अब कई सोच करे रे मनवा,अब कई सोच...
Share this...WhatsappFacebookTwitterसूखा ने हरियो कर देणोगढ़बोर धणी रो कई केणो।। है श्याम रूप आसन धारी,दर्शन कर हर्षित...